देश का राष्ट्रगीत ‘वन्दे मातरम्’

हमारे देश का राष्ट्रगीत ‘वन्दे मातरम्’ है, जिसके रचियता बंकिम चन्द्र चटर्जी है। 1896 में कांग्रेस सभा में इसे गाया गया था। स्वतंत्रता संग्राम का यह प्रसिद्ध गीत था। हमारा राष्ट्रगान ‘जन गण मन’ है, जिसके रचयिता रवीन्द्र नाथ टैगोर थे। 27 दिसम्बर, 1911 में प्रथम बार कांग्रेस अधिवेशन में गाया गया। अब ‘वन्देमातरम्’ के साथ-साथ ‘जनगणमन’ को भी कांग्रेस अधिवेशनों में गाया जाने लगा। 24 जनवरी, 1950 को संविधान-सभा ने ‘जनगणमन’ को ‘राष्ट्र-गान’ स्वीकार किया। साथ ही ‘वन्देमातरम्’ को ‘राष्ट्र-गीत’ स्वीकार किया गया।

राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा
राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा

देश का राष्ट्रगीत ‘वन्दे मातरम्’


वन्देमातरम्
सुजलां सुफलां मलयज शीतलाम्
शस्य श्यामलाम् मातरम्। वन्दे मातरम्
शुभ्र ज्योत्स्ना पुलकित यामिनीम्
फुल्ल कुसुमित द्रुमदल शोभनीम्
सुहासिनीम
सुमधुर भाषिणीम्
सुखदां वरदां मातरम्-वन्दे मातरम् ।

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